कलेक्टर जनदर्शन में सोमवार को जिले के बुजुर्ग ने कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे के समक्ष अपना आवेदन रखा। उन्होंने अपनी जमीन का कुछ हिस्सा 35 साल पहले विक्रय किया था और शेष बचे छोटे से हिस्से में झोपड़ी बनाकर रह रहे हैं। अब इतने बरसों बाद जिसे प्लाट बेचा था, वो जगह छोड़ने को लेकर दबाव बना रहा है। कलेक्टर ने एसडीएम को संबंधित प्रकरण की जांच करने के निर्देश दिए। साथ ही नियमानुसार कार्रवाई करने कहा। जनदर्शन में अधिकांश आवेदन भूमि विवाद से संबंधित रहे। साथ ही राजस्व मामलों, राशन कार्ड आदि से संबंधित आवेदन भी आए। टोकन से बारी- बारी हो रहे आवेदन: जनदर्शन का समय सुबह 10 बजे से 2 बजे तक निर्धारित है। आवेदकों को टोकन दिए जा रहे हैं। इसके आधार पर बारी-बारी से समस्याओं का प्रभावी निराकरण किया जा रहा है। कलेक्टर ने नगर निगम आयुक्तों को अपने क्षेत्रों में विशेष कैंप लगाने के निर्देश दिए हैं। ताकि लोगों की बुनियादी समस्याओं का समाधान हो सके।
बड़े बेटे ने किया पिता के मकान पर क्लेम, शिकायत
हाउसिंग बोर्ड के एक मकान का प्रकरण भी कलेक्टर के समक्ष आया। इसमें आवेदनकर्ता ने बताया कि उसके पिता ने मकान बनवाया था जिसमें आधा पैसा उसने लगाया था। पिता का स्वर्गवास हुआ जिसके पश्चात मकान छोटे भाई के नाम पर था। छोटे भाई का भी स्वर्गवास हो गया। छोटे भाई के स्वर्गवास के पश्चात एक महिला ने पत्नी होने का क्लेम करते हुए नामांतरण के लिए आवेदन लगाया है। आवेदक का कहना है कि उनके संज्ञान में छोटे भाई की पहली पत्नी वैध थी, परंतु दोनों कुछ समय बाद एक साथ नहीं रहते थे।
उनका तलाक हुआ है कि नहीं इसकी जानकारी उनके पास नहीं है। परंतु यदि भाई की पहली पत्नी का तलाक हुआ है तो तलाक का प्रमाणपत्र प्रस्तुत किया जाए। दूसरी महिला जो कि उनके छोटे भाई की पत्नी होने का दावा कर रही है उसके नामांतरण पर रोक लगाने का आग्रह भी किया। मामले में जांच के निर्देश दिए गए हैं।

Facebook Conversations