3 अक्टुबर 2022
बालोद जिले के ग्रामीण यांत्रिकी सेवा विभाग में दैनिक भोगी कर्मचारी राधेश्याम देशमुख ने एक अभिनव पहल करते हुए बेटियों का मान बढ़ाया है। राधेश्यामन ने अपने घर की पहचान बेटियों के नाम पर दिया है। अपनी बेटियों को सक्षम बनाने का संकल्प लिया है उनकी दो बेटियां हैं और वे चाहते हैं कि बेटियां खुलकर पड़े खुले आसमान में उड़े और अपने मन का प्रोफेशन चुने।
राधेश्याम ने अपने घर के मुख्य दरवाजे पर दोनों बेटियों के नाम का नेम प्लेट लगाया है। बेटियों के लिए किए गए इस पहल की इलाके में खूब चर्चा हो रही है। लोग राधेश्याम के इस कदम का जमकर तारीफ भी कर रहे हैं।
पिता के पहल से बेटियां काफी खुश हैं
राधेश्याम देशमुख की बेटियां रागिनी और मीनाक्षी भी अपने पिता की पहल से काफी खुश हैं। दोनों के मुताबिक अपने घर के नेम प्लेट पर अपना नाम देखकर अच्छा लगता है। दोनों अपने साथियों को बताते हैं कि हमारे घर में पापा ने हमारे घर का नाम हमारे नाम से रखा है। दोनों बेटियां काफी गौरवान्वित महसूस करती हैं।
प्रेरणा नहीं, जमीन पर दिखे बदलाव
अपने घर का नाम बेटियों के नाम पर रखने वाले पिता राधेश्याम देशमुख के मुताबिक अगर हम खुद संकल्प ले तो बेटियों के लिए हर संभव प्रयास कर सकते हैं। केवल नेम प्लेट लगाना ही उचित नहीं बल्कि पिता संकल्प लेकर बेटियों की सुरक्षा उनकी शिक्षा के लिए सदैव तत्पर रहें। बिटिया विकास की ओर अग्रसर रहे। बेटी लक्ष्मी है और बेटी देश का भविष्य है।