महाशिवरात्रि के अवसर पर मंगलवार शाम भिलाई में भोले बाबा की भव्य बारात निकाली गई। बारात में जहां अलग-अलग राज्यों से आई सैकड़ों की संख्या में अलग-अलग झांकियां देखने को मिली तो वहीं फिल्मी गानों और डीजे की धुन में बाबा के बाराती भी जमकर नाचे। यह बारात हथखोज से शाम को निकली और केनाल रोड होते हुए देर रात तक चलती रही।
बाबा की बारात में शामिल होने के लिए प्रदेशभर के कई नामी और दिग्गज लोग भी पहुंचे। कार्यक्रम में पूर्व मंत्री अमर अग्रवाल, पूर्व गृहमंत्री रामसेवक पैकरा, सांसद विजय बघेल, संजय बघेल सहित भाजपा-कांग्रेस के पार्षद व नेता भी शामिल हुए। भिलाई क्षेत्र में निकलने वाली बाबा की बारात की पहचान पूरे भारतवर्ष में है। मंगलवार रात जहां लेजर शो और डीजे की धुन ने सभी को नाचने पर मजबूर कर दिया तो वहीं केरल से आई 6 झांकियां, विजयवाड़ा आंध्र प्रदेश से आई 6 झांकियों सहित पूरे छत्तीसगढ़ से आई 121 झांकियों को देखकर पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो गया। यहां भगवान शंकर, काली, सरस्वती, बजरंगबली, दुर्गा, गणेश, कार्तिकेय आदि देवताओं की वेशभूषा वाली झांकियां देखने को मिलीं।
केरल की झांकियों ने मोहा मन
बाबा की बारात में यूं तो सभी झांकियां एक से एक बढ़कर एक थीं, लेकिन केरल से आई एक झांकी में जितने भी लोगों ने अलग-अलग देवी देवताओं का स्वरूप धारण किया था उनके वस्त्र अकेले 6-7 किलोग्राम वजनी थे। इतने वजन को लेकर शाम से लेकर देर रात पैदल झांकी में चलना किसी दैवीय चमत्कार से कम नहीं है।
पूरे छत्तीसगढ़ राज्य से 121 अलग-अलग झांकियां बाबा की बारात में शामिल होने आईं थीं। इन झांकियों में दुर्ग-भिलाई, रायपुर, राजनांदगांव, बालोद-बेमेतरा, कवर्धा, सिमगा समेत अन्य जगहों से लोग आए थे। इन्होंने आदिवासी, छत्तीसगढ़ी स्वरूप में देवी देवाताओं के स्वरूप और नृत्य स्वरूप में झांकी निकाली। झांकियों में रामदरबार, श्रीकृष्ण लीला, हनुमान, शिव तांडव स्वरूप, शिव मां-पार्वती विवाह, शेषनाग, नरसिंह अवतार, मां काली का स्वरूप, राधाकृष्ण की प्रेम लीला समेत अन्य देवी-देवताओं के दर्शन बारात में हुए।