अवैध परिवहन पर कार्रवाई: दुर्ग पुलिस ने पशु क्रूरता और अवैध मवेशी तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 15 मवेशियों को कत्लखाने ले जाने से बचाया।

त्वरित ख़बरें :अरुण रिपोर्टिंग

छत्तीसगढ़, के दुर्ग जिले में पुलिस ने अवैध मवेशी तस्करी और पशु क्रूरता के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 15 मवेशियों को कत्लखाने भेजे जाने से बचा लिया। पुलिस ने घेराबंदी कर तिरपाल से ढके एक संदेहास्पद पिकअप वाहन को जब्त किया और मौके से दो तस्करों को गिरफ्तार किया है।

पुलिस को मुखबिर से सटीक सूचना मिली थी कि एक वाहन में मवेशियों को क्रूरतापूर्वक भरकर अवैध रूप से तस्करी के जरिए मध्य प्रदेश ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य मार्ग पर नाकेबंदी की। इस दौरान तेज रफ्तार से आ रही पिकअप को रोककर जब तलाशी ली गई, तो पुलिसकर्मी भी हैरान रह गए। तस्करों ने खाकी को चकमा देने के लिए वाहन के पिछले हिस्से को मजबूत तिरपाल से पूरी तरह ढक रखा था।

तिरपाल हटाकर देखने पर पिकअप के अंदर 15 मवेशी बिना दाना-पानी के बेहद क्रूरतापूर्वक ठूंस-ठूंस कर बांधे हुए मिले। इनमें से कई मवेशी गंभीर रूप से घायल और बदहवास स्थिति में थे। पुलिस ने तुरंत सभी मवेशियों को वाहन से सुरक्षित बाहर निकालकर प्राथमिक उपचार कराया और उन्हें नजदीकी गौशाला भिजवाया।

पूछताछ में पकड़े गए आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे इन मवेशियों को ग्रामीण इलाकों से औने-पौने दामों में खरीदकर मध्य प्रदेश स्थित कत्लखाने ले जा रहे थे। पुलिस ने पिकअप वाहन को जब्त कर दोनों आरोपियों के खिलाफ ‘पशु क्रूरता निवारण अधिनियम’ और ‘छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम’ की गंभीर धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर लिया है। दुर्ग पुलिस का कहना है कि अवैध पशु तस्करी के इस पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है और इसमें शामिल अन्य लोगों को भी जल्द बेनकाब किया जाएगा।