बिजली दरों में प्रस्तावित बढ़ोतरी के विरोध में कांग्रेस ने राज्यभर में आंदोलन की घोषणा की है। पार्टी की ओर से बताया गया है कि आगामी दिनों में सभी जिला मुख्यालयों में बिजली विभाग के कार्यालयों का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया जाएगा। कांग्रेस का आरोप है कि बिजली दरों में की गई बढ़ोतरी से आम जनता पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा और महंगाई से जूझ रहे परिवारों का बजट और अधिक बिगड़ेगा।
प्रदेश कांग्रेस नेतृत्व का कहना है कि बिजली बिलों में लगातार हो रही वृद्धि को लेकर सरकार संवेदनशील नहीं है। पार्टी का दावा है कि यह बढ़ोतरी सीधे तौर पर घरेलू उपभोक्ताओं, किसानों और छोटे व्यवसायियों को प्रभावित करेगी। इसी मुद्दे को लेकर पार्टी कार्यकर्ता सड़क पर उतरकर विरोध दर्ज कराएंगे।
जानकारी के अनुसार, जिला स्तर पर आयोजित होने वाले इस आंदोलन में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता, पदाधिकारी और स्थानीय नेता शामिल होंगे। बिजली विभाग के कार्यालयों के बाहर धरना-प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपने की भी योजना बनाई गई है।
इसके साथ ही कांग्रेस ने घोषणा की है कि इस पूरे मामले को लेकर कल एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की जाएगी, जिसमें बिजली दर बढ़ोतरी के खिलाफ पार्टी की रणनीति और आगामी आंदोलन की रूपरेखा साझा की जाएगी। पार्टी नेताओं का कहना है कि यदि सरकार ने बढ़ी हुई दरों को वापस नहीं लिया तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
इस प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक माहौल भी गरमाता नजर आ रहा है और सभी की नजरें कांग्रेस के आगामी कदमों पर टिकी हुई हैं।