अक्षय तृतीया से शुरू होंगे मांगलिक कार्य वैवाहिक और मांगलिक कार्यों की मचेगी धूम

त्वरित ख़बरें - अक्षय तृतीया से शुरू होंगे मांगलिक कार्य, दो साल बाद बाजार में लौटने लगी रौनक

तीन मई को अक्षय तृतीया है। इसी दिन से वैवाहिक और मांगलिक कार्यों की धूम मचेगी। दो साल बाद बाजार पूरी तरह से गुलजार हो चुका है। कपड़े की दुकान से लेकर सोना चांदी खरीदने अभी से एडवांस देने लगे है। आलम यह है कि कपड़ा सिलने वाला टेलर के पास भी समय नहीं है।

कोविड-19 महामारी संक्रमण के दो साल बाद प्रतिबंध हटने के बाद लोगों के चेहरे पर चमक लौटने लगी है। इस साल बाजार को मांगलिक सीजन में बड़ी उम्मीदें हैं। हालांकि इस वर्ष शादियों में महंगाई की मार झेलनी होगी। इन शादियों में होने वाले खर्च का भार अधिक होगा। इसके साथ ही पेट्रोल-डीजल की कीमतों में वृद्धि होने से हर वस्तु पर असर पड़ रहा है। बारात ले जाना काफी महंगा साबित होगा। इससे आम आदमी का विवाह का बजट प्रभावित होगा।



ज्योतिषाचार्य पंडित मनोज तिवारी ने कि मई व जून में शादियों और मांगलिक कार्यों की धूम रहेगी, जो जुलाई में देवशयनी एकादशी के अबूझ मुहूर्त के साथ समाप्त होगी। अगले माह तीन मई को अक्षय तृतीया है। इस दिन जमकर शादियां होगी। इसके साथ ही अन्य अबूझ मुहूतों में भी विभिन्न समाजों विवाह के मुहूर्त रहेंगे। सामूहिक विवाह सम्मेलन भी होंगे। करीब दो साल बाद धूमधाम से होने वाली शादियों से बाजारों में रौनक लौटेगी। सामूहिक विवाह सम्मेलनों को देखते हुए बाजारों में विशेष खरीदारी का दौर जारी है।

टेलीफोन एक्सचेंज रोड, तेलीपारा, गोल बाजार, गांधी चौक बुधवारी बाजार एवं सराफा बाजार में इन दिनों ग्राहकों की भीड़ उमड़ने लगी है। सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष राजू सलूजा का कहना है कि भले ही सोने का दाम बढ़ा हुआ है लेकिन इसके प्रति ग्राहकों का रुझान बना हुआ है। सोने के कई तरह के डिजाइन उपलब्ध हैं जो बजट में है। आने वाले ढाई महीने में देवशयनी एकादशी तक विवाह के कई मुहूर्त है। विभिन्न पंचांगों में मई व जून में हर दूसरे दिन विवाह के शुभ मुहूर्त दिए गए हैं।

सर्वाधिक मुहूर्त जून में दिए गए हैं। मई में 15 मुहूर्त है जिनमें दो, तीन, नौ, 10, 11, 12, 15, 17, 18, 19, 20, 21, 26, 27, 31 मई शामिल है इसके अलावा जून में 16 मुहूर्त। एक, पांच, छह, सात, आतज, नौ, 10, 11, 12, 13, 14, 17, 20, 21, 23, 24 तक वैवाहिक मुहूर्त रहेंगे।जुलाई में तीन, चार, छह, सात, आठ, नौ जुलाई के विवाह मुहूर्त रहेंगे। अबूझ मुहूर्त तीन मई अक्षय तृतीया, 10 मई जानकी नवमी, 16 मई पीपल पूर्णिमा, नौ जून गंगादशमी, 11 जून निर्जला एकादशी, आठ जुलाई भड़ली नवमी, 10 जुलाई देवशयनी एकादशी से मांगलिक आयोजनों की धूम समाप्त होगी, जो अगले चार माह बाद देव प्रबोधिनी एकादशी से फिर से शुरू हो जाएगी। फिलहाल अक्षय तृतीया को लेकर जोर शोर से तैयारी शुरू हो गई है।