छत्तीसगढ़ के कवर्धा में 21 जनवरी की रात महिला की गोली मारकर हत्या उसके ही ससुर ने की थी। वजह थी महिला अपने देवर की शादी में पैसे खर्च नहीं करना चाहती थी। इसी वजह से उसके ही पति ने उसे मार डालने का प्लान बनाया था। फिर जब उसका सास से झगड़ा हुआ तो ससुर ने महिला के पीठ में गोली मार दी। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। घटना के 6 दिन बाद इस हत्या का राज खुल गया है। मामला कुकदूर थाना क्षेत्र का है।
हैरानी की बात ये है कि इस मामले में महिला के ससुर ने ही पुलिस से शिकायत की थी। सनकपाट निवासी दाऊलाल काठले ने पुलिस को बताया था कि उसकी बहू सरिता काठले (29) पति विजय काठले की लाश घर में पड़ी हुई है। उसके पेट से मास निकला हुआ है। खून भी काफी बह चुका है। इसके बाद पुलिस तुरंत मौके पर गई थी। तब पुलिस ने मौके से एक देसी कट्टा भी बरामद किया। साथी ही जांच करने में ये भी पता चला कि सरिता ही हत्या गोली मारकर ही की गई है। जिसके बाद पुलिस ने मामल में जांच शुरू की थी।
ससुर ने कहा था-हम सब बाहर थे
सरिता के ससुर दाऊलाल काठले ने ये भी बताया था कि महिला घटना के वक्त घर पर अकेली ही थी। हम सब बाहर किसी काम से गए थे। इस वजह से पुलिस को पहले घरवालों पर शक नहीं हुआ था। मगर जब पुलिस ने अलग-अलग एंगल से जांच की तो इस हत्या का राज खुल गया।
सरिता घर से अलग होना चाहती थी
पुलिस ने इस मामले में उसके पति विजय काठले से पूछा तो पहले तो उसने काफी गुमराह करने की कोशिश की। लेकिन जब पुलिस ने सख्ती दिखाई तब उसने बताया कि सरिता सिलाई का काम करती थी। कुछ दिन में मेरी भाई की शादी होने वाली थी। इसके लिए कुछ खर्चे लगते। मैंने उसे समझाया कि हमें भी पैसे लगाने होंगे, लेकिन सरिता पैसे खर्च करने को ही तैयार नहीं थी। वो तो घर से ही अलग होना चाहती थी। साथ ही उसका कहना था कि वो अपने मुताबिक घर चलाएगी।
इस बात से मैं और मेरे घर के लोग परेशान थे। कई बार इस बात को लेकर विवाद हो चुका था। आखिरकार मैंने उसकी हत्या करने का प्लान बना लिया और बिलासपुर से देसी कट्टा खरीदकर लाया। कट्टे को मैंने अपने मां बाप को रखने के लिए दे दिया था।
पुलिस ने तीनों को किया गिरफ्तार
जांच में पता चला कि घटना के दिन भी सरिता का विवाद उसकी सास भगवंतिन बाई से हुआ था। दोनों के बीच काफी देर तक विवाद हुआ। इसके बाद सरिता के ससुर ने कट्टा निकाला और सरिता के पीठ में मार दिया। जिससे सरिता की मौके पर ही मौत हो गई थी। बाद में परिवार के लोग पुलिस को लगातार गुमराह करने की कोशिश करते रहे। आखिरकार पुलिस ने इस मामले में सरिता के पति विजय, ससुर दाऊलाल काठले और उसकी सास भगवंतिन बाई को गिरफ्तार किया है।