भूपेश बघेल का आरोप: पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए फिर आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़ को "अडाणीगढ़" बनाया जा रहा है। उन्होंने नई जमीन गाइडलाइन और रायपुर सेंट्रल जेल में एक आदिवासी नेता की मौत पर भी सवाल उठाए। हालिया समाचारों के अनुसार, उन्होंने कहा है कि छत्तीसगढ़ को "अडाणीगढ़" बनाया जा रहा है और उन्होंने मौजूदा सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए हैं।
उनके मुख्य आरोप निम्नलिखित मुद्दों पर केंद्रित हैं:
"अडाणीगढ़" बनाने का आरोप: बघेल ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार की नीतियां अडानी समूह के हितों को बढ़ावा दे रही हैं और इसके विरोध में आवाज उठाने पर उन्हें ईडी और सीबीआई जैसी केंद्रीय एजेंसियों द्वारा निशाना बनाया जा रहा है।
नई जमीन गाइडलाइन: उन्होंने नई जमीन गाइडलाइन पर भी सवाल उठाए हैं, यह कहते हुए कि यदि इसमें सुधार नहीं किया गया, तो जनता सरकार को "ठिकाने लगा देगी"।
आदिवासी नेता की मौत: बघेल ने रायपुर सेंट्रल जेल में बंद आदिवासी समाज के नेता जीवन ठाकुर की संदिग्ध मौत पर निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने और आदिवासी समाज ने जेल प्रशासन पर इलाज में लापरवाही बरतने के गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसके कारण कथित तौर पर उनकी मौत हुई।
कानून-व्यवस्था और अन्य मुद्दे: उन्होंने यह भी कहा है कि मौजूदा सरकार जनता के हित में काम नहीं कर रही है और राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति चौपट हो गई है।
ये आरोप तब लगे हैं जब बघेल शहीद वीर नारायण सिंह की स्मृति में आयोजित एक महोत्सव में शामिल होने पहुंचे थे।
क्या आप इन आरोपों में से किसी एक के बारे में विस्तार से जानना चाहेंगे—जैसे कि जमीन गाइडलाइन या जेल में हुई मौत का मामला?