DJ पर रोक के बावजूद धड़ल्ले से संचालन: बिलासपुर में पुलिस ने DJ सेटअप किया जब्त, 10 संचालकों पर केस

त्वरित खबरें - रुची सिंह रिपोर्टिंग

Chhattisgarh High Court की सख्ती और निर्देशों के बावजूद शहर में डीजे संचालन पर पूरी तरह रोक नहीं लग पा रही है। ताजा मामले में बिलासपुर  पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध रूप से चलाए जा रहे डीजे सेटअप को जब्त कर लिया। इस दौरान पुलिस ने तीन वाहन, डीजे से जुड़ा साउंड सिस्टम और 24 लेजर लाइट भी बरामद की हैं। मामले में डीजे संचालकों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए कुल 10 लोगों पर एफआईआर दर्ज की गई है।

पुलिस के मुताबिक हाईकोर्ट के स्पष्ट निर्देश हैं कि तेज आवाज वाले डीजे और लेजर लाइट का इस्तेमाल सार्वजनिक स्थानों और जुलूसों में निर्धारित नियमों के तहत ही किया जा सकता है। इसके बावजूद शहर में कई जगहों पर नियमों की अनदेखी कर तेज आवाज में डीजे बजाए जाने की शिकायतें मिल रही थीं। इसी के आधार पर पुलिस ने अभियान चलाकर ऐसे डीजे संचालकों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की।

जानकारी के अनुसार पुलिस को सूचना मिली थी कि शहर के अलग-अलग इलाकों में बिना अनुमति डीजे और हाई पावर साउंड सिस्टम का इस्तेमाल किया जा रहा है। इसके बाद पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की और अवैध रूप से संचालित हो रहे डीजे सेटअप को जब्त कर लिया। कार्रवाई के दौरान तीन वाहनों में लगे डीजे उपकरण, बड़े साउंड बॉक्स और 24 लेजर लाइट जब्त की गईं।पुलिस अधिकारियों का कहना है कि तेज आवाज वाले डीजे और लेजर लाइट का इस्तेमाल न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि इससे आम लोगों को भी काफी परेशानी होती है। देर रात तक तेज आवाज में बजने वाले डीजे से आसपास के लोगों की नींद और स्वास्थ्य पर भी असर पड़ता है। इसके अलावा लेजर लाइट का अनियंत्रित उपयोग सड़क पर चलने वाले वाहनों के लिए भी खतरा बन सकता है।मामले में पुलिस ने डीजे संचालन से जुड़े 10 लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। सभी आरोपियों पर ध्वनि प्रदूषण और बिना अनुमति डीजे संचालन से जुड़े प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जा रही है। जब्त किए गए डीजे उपकरण और वाहन को थाने में सुरक्षित रखा गया है।पुलिस का कहना है कि आने वाले दिनों में भी इस तरह का अभियान जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने डीजे संचालकों और आयोजनकर्ताओं को चेतावनी दी है कि वे बिना अनुमति डीजे का इस्तेमाल न करें और निर्धारित समय व ध्वनि सीमा का पालन करें। यदि कोई भी व्यक्ति नियमों की अनदेखी करता पाया गया तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

इस कार्रवाई के बाद प्रशासन ने यह भी साफ किया है कि शहर में शांति व्यवस्था और लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए नियमों का पालन करना जरूरी है। इसलिए डीजे संचालकों और आयोजकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे कानून के दायरे में रहकर ही किसी भी कार्यक्रम में साउंड सिस्टम का उपयोग करें।