छत्तीसगढ़ में खेल क्रांति: विष्णु देव साय सरकार का 100 करोड़ का उत्कर्ष मिशन, बस्तर से ओलंपिक तक का रोडमैप...

त्वरित ख़बरें :- अमित यादव रिपोर्टिंग

 रायपुर। खेल प्रतिभाओं से धनी छत्तीसगढ़ में अब प्रतिभाओं को पहचानने और बड़े मंच तक पहुंचाने के लिए सरकार ने योजनाबद्ध प्रयास शुरू किए हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में खेल एवं युवा कल्याण विभाग का बजट 304 करोड़ रुपये किया गया है, जिसमें मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन के लिए 100 करोड़ रुपये का प्रावधान है।

 बस्तर ओलंपिक बना पहचान

प्रदेश के दूरस्थ और जनजातीय क्षेत्रों में अपार खेल संभावनाएं हैं। बस्तर संभाग के सात जिलों में आयोजित बस्तर ओलंपिक में अब तक 3.91 लाख से अधिक खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया है। सरगुजा ओलंपिक ने भी युवाओं को स्तरीय मंच दिया है। सरकार की मंशा है कि प्रतिभा गांव की सीमा में न रुके।

 अधोसंरचना पर जोर 

ग्रामीण और ब्लॉक स्तर के खेल क्लबों के लिए छत्तीसगढ़ क्रीड़ा प्रोत्साहन योजना में 57 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। कुनकुरी, रायगढ़ और रायपुर में स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, नवा रायपुर में 67 करोड़ की तीरंदाजी अकादमी और पंडरापाट में 18 करोड़ की लागत से पहाड़ी कोरवा प्रतिभाओं के लिए अकादमी विकसित की जा रही है।

 सम्मान और नौकरी का वादा

वर्ष 2026 में 666 खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों को 1.74 करोड़ रुपये से अधिक की पुरस्कार राशि दी गई है। 156 उत्कृष्ट खिलाड़ियों के लिए शासकीय सेवा में नियुक्ति का रास्ता भी खोला गया है।

 हॉकी लीग और ओलंपिक 2036 का लक्ष्य 

हॉकी को बढ़ावा देने के लिए राज्य में 6 फ्रेंचाइजी टीमों के साथ हॉकी लीग की तैयारी है। सरकार का दीर्घकालिक लक्ष्य 2036 ओलंपिक के लिए प्रदेश से विश्वस्तरीय खिलाड़ी तैयार करना है।